Breaking News
‘’जनता की सेवा ही सरकार का धर्म, हर जरूरतमंद तक पहुंच रहा प्रशासन – मुख्यमंत्री’‘
‘’जनता की सेवा ही सरकार का धर्म, हर जरूरतमंद तक पहुंच रहा प्रशासन – मुख्यमंत्री’‘
श्री दरबार साहिब में आध्यात्मिक समागम, शिक्षा और संस्कृति के क्षेत्र में सहयोग का नया अध्याय
श्री दरबार साहिब में आध्यात्मिक समागम, शिक्षा और संस्कृति के क्षेत्र में सहयोग का नया अध्याय
चमोली में मुख्यमंत्री ने किया ₹ 113.99 करोड़ की 36 योजनाओं का शिलान्यास
चमोली में मुख्यमंत्री ने किया ₹ 113.99 करोड़ की 36 योजनाओं का शिलान्यास
दिव्यांगजनों के वैवाहिक जीवन को मिलेगा संबल, समाज कल्याण विभाग से मिलेगा ₹50 हजार का प्रोत्साहन अनुदान
दिव्यांगजनों के वैवाहिक जीवन को मिलेगा संबल, समाज कल्याण विभाग से मिलेगा ₹50 हजार का प्रोत्साहन अनुदान
श्री बदरीनाथ धाम चढ़ावा हेराफेरी प्रकरण में दोषी को कानून के अनुसार मिलेगी सजा- हेमंत द्विवेदी
श्री बदरीनाथ धाम चढ़ावा हेराफेरी प्रकरण में दोषी को कानून के अनुसार मिलेगी सजा- हेमंत द्विवेदी
मुख्यमंत्री धामी से मिले पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा
मुख्यमंत्री धामी से मिले पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा
16 जुलाई के बाद बदलेगा उत्तराखंड का मौसम, 20 जुलाई तक बारिश के आसार
16 जुलाई के बाद बदलेगा उत्तराखंड का मौसम, 20 जुलाई तक बारिश के आसार
शहनाज गिल और जय रंधावा की ‘इश्कनामा’ का ट्रेलर हुआ रिलीज
शहनाज गिल और जय रंधावा की ‘इश्कनामा’ का ट्रेलर हुआ रिलीज
पीएम आवास योजना के कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं- डॉ. आर. राजेश कुमार
पीएम आवास योजना के कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं- डॉ. आर. राजेश कुमार

राज्यपाल ने “मेरी योजना-केंद्र सरकार’’ पुस्तक का किया विमोचन 

राज्यपाल ने “मेरी योजना-केंद्र सरकार’’ पुस्तक का किया विमोचन 

योजनाएं बनाने के साथ ही उन्हें धरातल पर क्रियान्वित करना हमारा उद्देश्य होना चाहिए – राज्यपाल 

देहरादून। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने राजभवन में कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग उत्तराखण्ड शासन द्वारा तैयार की गई ‘‘मेरी योजना-केंद्र सरकार’’ पुस्तक का विमोचन किया। इस पुस्तक में केंद्र सरकार के उत्तराखण्ड में स्थित 82 प्रतिष्ठानों की 384 योजनाओं और सेवाओं को संकलित किया गया है। इससे पूर्व विभाग द्वारा वर्ष 2023-24 में ‘‘मेरी योजना-राज्य सरकार’’ पुस्तकों का भी निर्माण किया गया था जिसमें राज्य सरकार के 122 विभागों, संस्थाओं की योजनाओं एवं सेवाओं का उल्लेख है।

इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि योजनाएं बनाने के साथ ही उन्हें धरातल पर क्रियान्वित करना हमारा उद्देश्य होना चाहिए, ताकि प्रत्येक व्यक्ति योजनाओं का लाभ सुगमता से प्राप्त कर सके और हर व्यक्ति राज्य के विकास में सक्रिय भागीदार बन सके। उन्होंने कहा कि इसके लिए हमें सामूहिक रूप से प्रयास करने की आवश्यकता है। राज्यपाल ने कहा कि दृढ़ इच्छा शक्ति से समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ आसानी से पहुंचाया जा सकता है।

राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के द्वारा गरीब, महिला, किसान और युवा हर वर्ग के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की जिम्मेदारी केवल योजनाएं बनाना नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि ये योजनाएं लोगों तक सही समय पर पहुंचें और उनके जीवन में वास्तविक सुधार लाएं। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक इस दिशा में एक सशक्त पहल है।

राज्यपाल ने कहा कि हमारी योजनाओं का लक्ष्य केवल वर्तमान समस्याओं का समाधान करना ही नहीं होना चाहिए बल्कि एक सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर उत्तराखण्ड का निर्माण करना भी होना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक को शासन की योजनाओं की जानकारी सरल भाषा में मिलनी चाहिए ताकि कोई भी व्यक्ति जटिल प्रक्रियाओं के कारण अपने हक से वंचित न रह जाए। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग ‘‘सरकार जनता के द्वार’’ एवं ‘‘हमारा संकल्प अनुशासित प्रदेश’’ जैसे अभियानों के माध्यम से प्रशासन को नागरिकों के करीब लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है जो सराहनीय कार्य है।

राज्यपाल ने कहा कि तकनीक के इस युग में सूचना का अधिकतम प्रसार सुनिश्चित करने के लिए इस पुस्तक को राज्य सरकार की आधिकारिक वेबसाइट एवं सभी विभागीय वेबसाइटों और केन्द्र सरकार के प्रतिष्ठानों की वेबसाइटों पर भी अपलोड किया गया है। कोई भी नागरिक संबंधित पुस्तकों को राज्य सरकार की वेबसाइट WWW.uk.gov.in से डाउनलोड कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक सिर्फ लाभार्थी ही नहीं अपितु शोधार्थियों के लिए भी लाभकारी सिद्ध होगी।

इस अवसर पर सचिव कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग दीपक कुमार, अपर सचिव राज्यपाल स्वाति एस भदौरिया एवं उत्तराखण्ड राज्य में भारत सरकार के 82 प्रतिष्ठित संस्थाओं यथा सीबीआरआई, आईआईटी, आईआईएम, सीपेट एवं अन्य संगठनों के विभागाध्यक्ष उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top