Breaking News
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
देवभूमि के विकास की गूंज अब राष्ट्रीय मंच पर
देवभूमि के विकास की गूंज अब राष्ट्रीय मंच पर
अवैध निर्माणों पर एमडीडीए की सख्त कार्रवाई, दो व्यावसायिक निर्माण सील
अवैध निर्माणों पर एमडीडीए की सख्त कार्रवाई, दो व्यावसायिक निर्माण सील
बुजुर्गों ही नहीं, युवाओं और बच्चों में भी बढ़ रही सुनने की समस्या, जानिए इसके कारण
बुजुर्गों ही नहीं, युवाओं और बच्चों में भी बढ़ रही सुनने की समस्या, जानिए इसके कारण

भाजपा में गए नेताओं पर पूर्व सीएम का पलटवार बोले- हमारी सरकार भंग न होती तो गैरसैंण के यक्ष प्रश्नों का हो गया होता समाधान 

भाजपा में गए नेताओं पर पूर्व सीएम का पलटवार बोले- हमारी सरकार भंग न होती तो गैरसैंण के यक्ष प्रश्नों का हो गया होता समाधान 

देहरादून। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व सीएम हरीश रावत ने गैरसैंण के मुद्दे को लेकर फिर से कांग्रेस छोड़ कर भाजपा में गए नेताओं पर पलटवार किया। कहा कि 2016 में हमारी सरकार भंग न होती तो गैरसैंण के यक्ष प्रश्नों का आज समाधान गया होता। गैरसैंण पर मेरी तथ्यात्मक बातों से भाजपा में गए उज्याडू़ बल्द और प्रवक्ता बौखलाहट में बयान दे रहे हैं।

हरीश रावत ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, सत्यता यह है कि जिस तेजी और दिशा की तरफ 2016 में हमारी सरकार चल रही थी। उसके केंद्र में गैरसैंण था। हमने जो बजट पारित कराया था, यदि सरकार भंग नहीं होती और विधानसभा में पारित बजट प्रस्तावों को चार महीने उलझा नहीं दिया गया होता तो गैरसैंण के यक्ष प्रश्न का भी आज समाधान होता। साथ ही नौ जिले भी अस्तित्व में आ गए होते।

भाजपा न केवल गैरसैंण के पापियों को अपनाए हुए है। भाजपा ने अब विधानसभा का भी एक संस्था के रूप में अवमूल्यन कर दिया है। विधानसभा में पारित नगर निकाय को विधेयक को प्रवर समिति को भेजना इसका उदाहरण है। निकाय चुनाव में हार से घबराई भाजपा उच्च न्यायालय की अवमानना करने का भी रास्ता निकल रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top