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पिरूल के मूल्य में अभूतपूर्व वृद्धि से स्थानीय लोगों को मिल रहा आजीविका का नया अवसर

पिरूल के मूल्य में अभूतपूर्व वृद्धि से स्थानीय लोगों को मिल रहा आजीविका का नया अवसर

सीएम धामी के नेतृत्व में पूरे प्रदेश भर में संचालित है पिरूल लाओ, पैसे पाओ मिशन

धामी सरकार ने राज्य में वनाग्नि की घटनाओं को नियंत्रित करने के लिए पिरूल को जंगल से हटाने का फैसला लिया है

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का मुख्य उद्देश्य जंगल की आग को रोकना और नियंत्रित करना है। सरकार की इस नई पहल में पिरूल को जंगल से हटाने के साथ- साथ स्थानीय लोगों की आय बढ़ाने की योजना है। मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर राज्य में ‘पिरूल लाओ-पैसे पाओ’ मिशन को शुरू कर दिया गया है जिसके तहत पिरूल कलेक्शन सेंटर पर 50 रुपये प्रति किलो की दर से पिरूल खरीदे जाएंगे। जबकि इससे पहले पिरूल की कीमत काफ़ी कम 2 से 3 रुपए प्रति किलो थी।

पिरूल के मूल्य में अभूतपूर्व वृद्धि से राज्य में पिरूल के माध्यम से विभिन्न वस्तुओं को तैयार करने वाले काश्तकारों को भी इसका फायदा मिलेगा। एक और जहां वनाग्नि की घटनाओं पर काबू पाया जाएगा वहीं दूसरी ओर स्थानीय लोगों के लिए भी यह आजीविका का नया साधन बनेगा।

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